भोपाल। मध्यप्रदेश शासन के गृह विभाग ने भारतीय पुलिस सेवा (IPS) के अधिकारियों के लिए वर्ष के अंतिम दिन बड़े पैमाने पर पदोन्नति आदेश जारी किए हैं। 31 दिसंबर 2025 को जारी आदेशों के तहत विभिन्न बैच के अधिकारियों को वेतन मैट्रिक्स में उन्नयन के साथ उच्च पदों पर पदोन्नत किया गया है। ये आदेश 1 जनवरी 2026 से प्रभावशील होंगे

भोपाल। मध्य प्रदेश के गृह विभाग ने भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के अधिकारियों के लिए साल के अंतिम दिन बड़े पैमाने पर स्कूटर ऑर्डर जारी किए हैं। 31 दिसंबर 2025 को विभिन्न बैच के अधिकारियों को गैलरी में सुपरमार्केट के साथ उच्च स्टॉक पर शामिल करने के लिए विज्ञापन जारी किया गया है। ये ऑर्डर 1 जनवरी 2026 से प्रभावशील होगा।
1994 बैचलर ऑफ आईपीएस अधिकारी बटालियन
1994 में बैचलर आईपीएस अधिकारी श्री आशुतोष रॉय को विशेष पुलिस महानिदेशक (विशेष डीजीपी) के पद पर नियुक्त किया गया था। वे पुलिस मुख्यालय, भोपाल में अपनी सेवाएं देंगे।
2010, 2011 और 2012 में बैचलर ऑफ डायरेक्टर्स को अयोध्या पद पर रखा गया
राज्य शासन द्वारा 2010, 2011 एवं 2012 में बैच के कुल 13 आईपीएस अधिकारियों को वेतनमान-13 में उप पुलिस महानिरीक्षक (डीआईजी) के पद पर नियुक्त किया गया है। इनमें से बाकी, भोपाल, इंदौर, जबलपुर, रीवा, धार, खंडवा समेत विभिन्न अलवर और इकाइयों में आपूर्तिकर्ता अधिकारी शामिल हैं।
सहयोगी अधिकारियों में प्रमुख रूप से—
सागर
राघवेन्द्र सिंह बेलवंशी
किरणलता केरकेट्टा
मनोज कुमार राय
रियाज शोक
राहुल कुमार लोढ़ा
सिमाला प्रसाद
अमित यादव
मकर संक्रांति
विवेक सिंह
कुमार प्रतीक
शिवदयाल
शैलेन्द्र सिंह चौहान
2008 आईजी पद पर बास्केटबॉल के अधिकारी
2008 में बैच के तीन आईपीएस अधिकारियों को वेतनमान-14 में पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) के पद पर नियुक्त किया गया था। इनमें साइबर शिकायत एवं मानवाधिकार जैसे महत्वपूर्ण अभिलेखों में रेलवे अधिकारी शामिल हैं।
2000 बैच के आईपीएस अधिकारी बने अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक
2000 में बैचलर के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी श्री राम राम वर्मा को वेतन पद-15 में शामिल कर अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजी) बनाया गया। वे जॉन जॉन में अपनी व्यावसायिक छुट्टी पर हैं।
अप्रभावी के तहत प्रभावशील रेलवे
गृह विभाग द्वारा जारी विज्ञापन में यह स्पष्ट किया गया है कि जिस अधिकारी ने सुपरमार्केट में भर्ती कराया था, उसे भारतीय पुलिस सेवा (वेतन) नियम 2016 के तहत समकक्ष घोषित किया गया है।
यह आदेश मध्य प्रदेश के राज्यपाल का नाम जारी किया गया और 1 जनवरी 2026 से प्रभाव में आएगा।







